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मंदिर की करोड़ों की जमीन ट्रस्ट के अध्यक्ष ने डकारी

 मंदिर की करोड़ों की जमीन ट्रस्ट के अध्यक्ष ने डकारी

चमन प्रकाश केयर (कुर्रे)

रायपुर। शंकर पार्वती मंदिर को दान में दी हुई करोड़ों की ज़मीन को अवैध तरीके से फर्जीवाड़ा कर अपने नाम में अंतरण कर करोड़ों रूपये का मुआवजा लिए जाने का मामला सामने आया हैं। ताज़ा मामला राजधानी से लगे हुए अभनपुर का है जहाँ पर वर्तमान नगर पंचायत के अध्यक्ष कुंदन बघेल जो मंदिर समिति ट्रस्ट के पदेन अध्यक्ष हैं पर ज़मीनों को हेरफेर करने का आरोप लगाया गया हैं। यही नही अध्यक्ष कुंदन बघेल ने पद का दुरूपयोग और अधिकारीयों के साथ मिलीभगत कर दुर्ग-विशाखापट्नम भारतमाला सड़क कारीडोर में ज़मीन आने के बाद उक्त जमीनों का टुकड़ों में बटांकन कर करोड़ों रूपये मुआवजा लेने का आरोप लगा हैं।

अवैध तरीके से खरीदी-बिक्री व नामांतरण कराया

अभनपुर, ग्राम पंचायत उरला के प.ह.न. 23 में स्थित भूमि खसरा नं. 848 / 1, 848 / 3 रकबा क्रमश: 1.07, 2.51 एकड़ सहित अन्य खसरा नंबरो की कुल 22 एकड़ भूमि को वर्ष 9.8.1943 में शंकर पार्वती मंदिर को दान में दी गई है। जिसका पूर्ण रूप से वसीयतनामा के आधार पर उरला के शंकर पार्वती मंदिर को दिया गया है। उक्त भूमि के खसरा नम्बर में से 848/20, 848/21 रकबा 0.05, 0.05 हेक्टेयर भूमि को दान में दी गयी है। जिसे अध्यक्ष कुंदन बघेल पिता श्याम लाल बघेल ने फर्जीवाड़ा कर अपने नाम पर नामांतरण करा लिया है। इसके खि़लाफ़ शिकायतकर्ता नीलकमल गिलहरे सहित स्थानीय लोगो ने आरोप लगाते कहा है कि उक्त भूमि के भाग को भाजपा शासनकाल में अभनपुर के नगर पंचायत अध्यक्ष कुंदन बघेल ने पद और पार्टी के रौब दिखाते हुए अधिकारीयों से सांठगाठ कर गैर कानूनी तरीके से क्रय-विक्रय व नामांतरण अपने नाम पर करवाया है। वर्तमान में कुंदन बघेल भाजपा अभनपुर मंडल के उपाध्यक्ष भी है। ज़मीन विवाद का मामला वर्ष 2016-17 में उजागर होने के बाद तत्कालीन अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं पंजीयक लोक न्यास अभनपुर ने मंदिर का ट्रस्ट गठित करने का आदेश दिए है। जिसमे लिखा हैं कि जो भी नगर पंचायत का अध्यक्ष रहेंगे वह शंकर पार्वती मंदिर का पदेन अध्यक्ष रहेगा। लिहाजा विगत सात वर्षों से कुंदन बघेल नगर पंचायत अध्यक्ष होने के नाते शंकर पार्वती मंदिर का पदेन अध्यक्ष है।


मुआवजा राशि पर रोक सहित दोषीयों पर कार्यवाही की मांग

इसकी शिकायत नगरीय प्रशासन एवं श्रम मंत्री डॉ.शिवकुमार डहरिया, जिले के प्रभारी मंत्री रविन्द्र चौबे, एवं राजस्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल से की गई हैं। जिसमें जांच कर दोषी व्यक्ति पर कार्यवाही एवं मुआवजा राशि के आहरण पर तत्काल रोक लगाने की मांग की गई हैं। साथ ही नगर पंचायत अध्यक्ष कुंदन बघेल को संवैधानिक पद पर रहते हुए इस तरह के अवैध कार्य करने के लिये पद से हटाने की मांग की गई हैं। मंत्री डॉ.शिवकुमार डहरिया ने शिकायतकर्ता को जाँच कर उचित कार्यवाही करने का आश्वासन दिया हैं। इसकी शिकायत अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी निर्भय कुमार साहू से भी की गई हैं। मुआवजा राशि रोकने व एफआईआर दर्ज करने की मांग की है जिस पर एसडीएम निर्भय साहू ने तहसीलदार अभनपुर से जांच कर प्रतिवेदन देने के निर्देश दिये हैं। उक्त शिकायतों के बारे में नगर पंचायत अभनपुर अध्यक्ष एवं शंकर पार्वती मंदिर ट्रस्ट के पदेन अध्यक्ष कुंदन बघेल से उनके मोबाईल नम्बर 98937-06776 में कई बार काल और मैसेज किया गया लेकिन उन्होंने किसी भी प्रकार से कोई जवाब नहीं दिया। 


1943 में मंदिर को 22 एकड़ जमीन दान मिली

आज की जनधारा को मिले दस्तावेजों के मुताबिक, 9 अगस्त 1943 में अभनपुर उरला के मालगुजार गिरधारी लाल ढीमर ने वसीयतनामा के ज़रिये उरला स्थित शंकर-पार्वती मंदिर को अपनी निजी भूमि की लगभग 22 एकड़ ज़मीन दान में दिया था। जिसका पूर्ण मालिकाना हक सिर्फ और सिर्फ शंकर-पार्वती मंदिर को बनाया गया था। दानदाता गिरधारी लाल ढीमर द्वारा जारी वसीयतनामा में साफ लिखा है कि दान की हुई ज़मीन में अपने तथा अपने परिवार के किसी रिश्तेदार की या अन्य किसी भी व्यक्ति को इस जमीन का हकदार न होने का स्पष्टीकरण किया गया है। बावजूद इसके शंकर-पार्वती मंदिर की 16 एकड की़ करोड़ों रुपये की ज़मीन को एक-एक करके फर्जी तरीके से बेच दिया गया।

भगवान शंकर-पार्वती मंदिर को दान दी हुई ज़मीन को वापस दिलाने के लिए हर संभव प्रयासरत हूँ। दान में दी हुई करोड़ों की जमीन को जिन-जिन लोगों ने बेचे है उन सभी लोगों पर एफआईआर दर्ज होना चाहिए साथ ही ज़मीन वापस मंदिर को मिलना चाहिए। यदि दोषियों पर कोई कार्यवाही नहीं हुई तो आगे उग्र आन्दोलन किया जायेगा।

-नीलकमल गिलहरे, स्थानीय 

जन प्रतिनिधि 

नगर पंचायत अभनपुर अध्यक्ष कुंदन बघेल के खिलाफ़ शिकायत प्राप्त हुई है, इसके बाद उनको दी जाने वाली मुआवजा राशि रोक दी गई हैं। जिस खसरा और दान की ज़मीन को बेचने के बारे में शिकायत हुई है उसकी जाँच की जा रही हैं, जाँच में जो तथ्य सामने आएंगे उसके बाद आगे की कार्यवाही की जाएगी।

-निर्भय कुमार साहू, एसडीएम, अभनपुर