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कोरोना वैक्सीन के नाम पर रजिस्ट्रेशन का झांसा देकर साइबर ठगों ने लगाया हजारों का चूना

कोरोना वैक्सीन के नाम पर रजिस्ट्रेशन का झांसा देकर साइबर ठगों ने लगाया हजारों का चूना

नईदिल्ली। भारत में जल्द ही कोरोना वैक्सीन का टीकाकरण शुरू होने वाला है। जहां एक ओर सरकार इसके लिए प्लानिंग कर रही है, वहीं दूसरी तरफ ठगों को इसमें भी एक मौका दिख गया है। साइबर ठगों ने लोगों को रजिस्ट्रेशन और जल्दी टीका लगवाने के लालच के नाम पर ठगना शुरू कर दिया है। ऐसा ही एक मामला गाजियाबाद के क्रॉसिंग रिपब्लिक से सामने आया है।

गाजियाबाद के क्रॉसिंग रिपब्लिक में रहने वाले अरुण ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन के नाम पर ठगी की बात कही है। पुलिस ने फिलहाल मामले की जांच शुरू कर दी है।

क्रॉसिंग रिपब्लिक में रहने वाले अरुण ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया है कि बुधवार को उनके पास कॉल आई और कॉलर ने खुद को स्वास्थ्य विभाग दिल्ली से बताया। उन्हें बताया गया कि जनवरी में वैक्सीनेशन शुरू हो जाएगा। इसके लिए पहले रजिस्ट्रेशन करवाना जरूरी है। इस रजिस्ट्रेशन को करवाने वालों को पहले वैक्सीन लगाई जाएगी।

अरुण ने कहा कि परिवार की सुरक्षा के लिए मैंने पत्नी, बेटी और अपना नाम दे दिया। इसके बाद मुझे एक फॉर्म भेजा गया और परिवार के सदस्य की पूरी डिटेल के साथ 2 हजार रुपये देने के लिए कहा गया थे। हमने तीन फॉर्म भरकर जमा कर दिए। मगर बाद में मोबाइल बंद हो गया। मोबाइल बंद आने पर उन्हें अपने साथ हुई ठगी का अहसास हुआ और थाने में शिकायत करने के लिए पहुंचे। पुलिस ने फिलहाल मामले की जांच शुरू कर दी है।

भोपाल में एक छात्र को वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन कराने के नाम पर ठगी का शिकार बनाने का प्रयास किया गया। आरोपी ने छात्र को जल्दी रजिस्ट्रेशन नहीं कराने पर वैक्सीन खत्म होने का झांसा देते हुए ओटीपी मांगा था। हालांकि छात्र की सूझबूझ से वह ठगी का शिकार होने से बच गया। उसने इसकी शिकायत साइबर सेल में की है।

साइबर सेल भोपाल के एएसपी रजत सकलेचा ने बताया कि हमने एक दिशा-निर्देश भी जारी किया है कि कोविड-19 टीके के नाम पर कोई भी लिंक आ रहा है, उसे साझा न करें, बिल्कुल भी क्लिक न करें। अगर आप ऐसा करते हैं तो आपके साथ धोखाधड़ी हो सकती है। धोखेबाज लोग कहते हैं कि जो आपके पास ओटीपी आया है, वह कोविड-19 का रजिस्ट्रेशन है। एएसपी ने कहा कि जबकि वह ओटीपी ट्रांजैक्शन का होता है और जैसे ही कोई इस ओटीपी को सामने वाले को दे देता है तो उसके बैंक खाते से पैसा कट जाता है।

देश में शायद ही कोई हो जिसे कोरोना वैक्सीन का इंतजार न हो। हर कोई खुद को और अपने चाहने वालों को इस जानलेवा वायरस से सुरक्षित रखने के लिए वैक्सीन जरूर लगवाना चाहेगा। हालांकि यह अलग बात है कि सरकार खुद ही साफ कर चुकी है कि टीकाकरण के शुरुआती चरण में यह टीका सभी लोगों को नहीं लगाया जाएगा बल्कि कोविड वॉरियर्स (डॉक्टर, नर्स, स्वास्थ्यकर्मी आदि), बुजुर्गों और ऐसे ही अन्य जरूरतमंदों को पहले लगाया जाएगा।