breaking news New

कारोबारी वरुण अरोरा ने जहर देकर की सास और साली की हत्या..पत्नी और नौकरानी की हालत नाजुक..फिश करी में थैलियम जहर मिलाकर खिलाया था..गिरफतारी के बाद जुर्म कबूल किया

कारोबारी वरुण अरोरा ने जहर देकर की सास और साली की हत्या..पत्नी और नौकरानी की हालत नाजुक..फिश करी में थैलियम जहर मिलाकर खिलाया था..गिरफतारी के बाद जुर्म कबूल किया

जनधारा समाचार
नई दिल्ली. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में कल गुरुवार को एक व्यक्ति को उसकी सास और ननद की हत्या करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. पुलिस के मुताबिक व्यक्ति पर फिश करी में थैलियम का इस्तेमाल करके जहर देकर अपनी पत्नी और ससुराल वालों को जान से मारने का आरोप है.

पुलिस ने बताया कि रीयल इस्टेट कारोबारी 37 वर्षीय वरुण अरोरा सद्दाम हुसैन से प्रेरित था, जिसे एक हल्के जहर थैलियम के इस्तेमाल के लिए जाना जाता था, जिसका इस्तेमाल वो राजनीतिक विरोधियों को खत्म करने के लिए करता था. वरुण अरोड़ा को मंगलवार को दक्षिणी दिल्ली के ग्रेटर कैलाश में स्थित उसके घर से गिरफ्तार किया गया था. हत्याओं की जांच के बाद पता चला कि उसके अपनी पत्नी और ससुराल वालों को जो खाना देता था उसमें जहर था.



हालांकि वरुण अरोरा ने जुर्म स्वीकारते हुए बताया कि उसने ये जुर्म उनके द्वारा अपमान का बदला लेने के लिए किया. पुलिस ने अरोड़ा की सास अनीता देवी शर्मा की मौत की फॉरेंसिक रिपोर्ट के बाद जांच शुरू की, जिसमें थैलियम के अंश मिले थे. इसके साथ उसके पत्नी के खून में जहर के अंश मिले, जो अस्पताल में भर्ती थी.

इस मामले में पुलिस डिप्टी कमिश्नर उर्विजा गोयन ने एक बयान में कहा कि पूछताछ के दौरान, यह भी पता चला कि मृतक अनीता की छोटी बेटी प्रियंका की मौत 15 फरवरी 2021 को बीएल कपूर अस्पताल में इलाज के दौरान हुई थी जांच के दौरान उसके शरीर में भी थैलियम जहर के अंश मिले थे और शरीर में. इसके अलावा, देवेंद्र मोहन शर्मा (ससुर) में थैलियम विषाक्तता के लक्षण पाए गए. आगे की पूछताछ में यह भी पता चला कि उसके घर की नौकरानी भी इसी तरह के लक्षणों के लिए इलाज कराती थी. इन घटनाओं के बाद पुलिस ने परिजनों के घर में फॉरेंसिक टीम भेजी और वहां से थैलियम पाया गया. आरोपी की पत्नी कोमा में हैं और नौकरानी भी मरणासन्न स्थिति में है.

देवेंद्र शर्मा ने बताया कि उन्होंने अपनी बड़ी बेटी की शादी वरुण से 12 साल पहले की थी. लेकिन 7 साल बीत जाने के बाद भी उन्हें बच्चा नहीं हुआ था. जिसके बाद उन्होंने IVF की मदद ली और आज से करीब साढ़े चार साल पहले दोनों को जुड़वा बच्चे (एक बेटा और एक बेटी) हुए. उस वक्त तक सब कुछ ठीक चल रहा था. लेकिन एक साल पहले वरुण के पिता की मौत हो गई और तभी दिव्या प्रेग्नेंट हो गई. उस वक्त दिव्या के डॉक्टर ने कहा कि अगर उसने गर्भपात नहीं कराया तो उसकी मौत हो सकती है, जिसके बाद उसने वरुण की इच्छा के खिलाफ गर्भपात करा दिया. वरुण का कहना था कि बच्चे के रूप में उसके पिता वापस आ रहे हैं. देवेंद्र शर्मा के मुताबिक, इस गर्भपात के बाद से ही वरुण बहुत गुस्से में रहता था और पूरे परिवार से बदला लेने की फिराक में था.