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मुख्यमंत्री ने की कोरोना महामारी से लड़ने युद्ध स्तर की तैयारी- विपिन साहू

मुख्यमंत्री ने की कोरोना  महामारी से लड़ने युद्ध स्तर की तैयारी- विपिन साहू

धमतरी। विधायकों की विधायक निधि की पूरी राशि मुख्यमन्त्री सहायता कोष मे जमा  करने का आदेश जो राज्य के मुखिया  द्वारा जारी किया गया है यह फैसला स्वागत योग्य है  सहायता कोष मे जनता का ही पैसा होता है जो जनता के स्वास्थ के प्रति खर्च किया जा रहा है।  इस आदेश से राज्य की स्वास्थ से जुड़ी जितनी भी समस्या है वे भी हल किये जा सकेंगे। राज्य की पहली प्राथमिकता सभी को निशुल्क टिका देना है इसके लिए कांग्रेस के सभी विधायक ने अपने विधायक निधि को मुख्यमन्त्री भूपेश बघेल को खर्च करने का अधिकार दिया है। लेकिन भाजपा के विधायकों ने इस फैसले का विरोध कर राज्य विरोधी होने के चरित्र को सामने किया है।
जिस प्रकार राज्य के मुख्या ने 18+ आयु वर्ग के युवा साथियो को निशुल्क टीकाकरण का आदेश जारी किया था इस अनुकरणीय फैसले से राज्य की जनता मे यह विश्वास उत्पन्न हो चुका था की हम इस महामारी से जल्द ही निजाद पा सकेंगे परंतु केंद्र सरकार द्वारा सजग व्यवस्था टीकाकरण हेतु न बनाना और जल्दबाजी मे टीकाकरण की तिथि घोषणा करना बिना कोई योजना के जिसकी वजह से आज फिर यह प्रशन मन मे उठता है की कब तक हमारे राज्य मे टिका उपलब्ध हो पायेगी क्योंकि राज्य सरकार ने 50 लाख डोज की मांग की है परंतु जवाब नही आया है की टिका कब तक उपलब्ध होगा।
मुख्यमन्त्री द्वारा केंद्र सरकार को  पत्र भी लिखा गया है जिसमे टीका  की उपलब्धता का समय पूछा गया है परंतु अभी तक केंद्र के द्वारा कोई जवाब नही आया है। टीकाकरण भी नोटबंदी जैसा फैसला नजर आ रहा है जो की जल्दबाजी और योजनाबद्ध न होने के कारण इसका परिणाम भी जनता को भुगतना पड़ेगा।
आज सत्ता के लोभ मे केंद्र सरकार यह भूल गयी की जब वह देश के एक चौथाई भाग मे सत्ता पाने के लिए संघर्ष कर रही थी तब शेष देश कोरोना की लपटों से बचने के प्रयासो मे था। चुनावो मे धन बह रहा था और शेष भारत कंगाली भुगत रहा था।
सिर्फ चुनाव ही कोरोना मुक्त थे। ऐसी राष्ट्रीय आपदा मे देश एक दिखना चाहिए लेकिन राजनीति और फुट ही सामने आई।।। जनता का ही पैसा होता है जो जनता के स्वास्थ के प्रति खर्च किया जा रहा है इस आदेश से राज्य की स्वास्थ से जुड़ी जितनी भी समस्या है वे भी हल किये जा सकेंगे।
राज्य की पहली प्राथमिकता सभी को निशुल्क टिका देना है इसके लिए कांग्रेस के सभी विधायक ने अपने विधायक निधि को मुख्यमन्त्री भूपेश बघेल को खर्च करने का अधिकार दिया है। लेकिन भाजपा के विधायकों ने इस फैसले का विरोध कर राज्य विरोधी होने के चरित्र को सामने किया है।

राज्य सरकार से व जिला प्रशासन से मै यह अपील करता हूँ की ताला बंदी के दौरान जिस भी व्यपार जैसे मेडिकल स्टोर,सब्जी, फल, दूध आदि  व्यापारियों की सर्वप्रथम कोरोना जाँच होनी चाहिए यह अपील करने का कारण दो दिन पूर्व हुई जिले के ग्राम आमदी में एक राशन दुकान संचालक जो की संक्रमित व्यक्ति था उसके द्वारा नियमो का उल्लंघन कर ना जाने कितनो को यह बीमारी परोस दी होगी इस वजह से भविष्य मे ऐसी अनहोनी ना हो इस लिए इन जरूरत मंद व्यापारियों का लेटेस्ट कोरोना जांच करवाना ही प्रशासन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होनी चाहिए जिससे की  कोरोना की इस भयावह कड़ी को तोड़ने मे आसानी हो और जल्द से जल्द राज्य के मुखिया  के नेतृत्व मे पुनः  राज्य विकास  पटरी पर लौट सके और आर्थिक गतिविधि भी पुनः सामान्य हो सके।