breaking news New

पंजीकृत किसानों के लिए अभियान चलाकर बनाए जा रहे हैं किसान क्रेडिट कार्ड

पंजीकृत किसानों के लिए अभियान चलाकर बनाए जा रहे हैं किसान क्रेडिट कार्ड


 बैकुण्ठपुर। कृषि क्षेत्र में किसानों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड एक महत्वपूर्ण दस्तावेज है। इस दस्तावेज के बन जाने के बाद किसान अपने लिए कृषि संबंधी समस्त वस्तुएं खाद बीज और कीटनाषक, सहित तमाम कृषि उपकरण आसानी से प्राप्त कर सकते हैं। किसानों को लाभकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए कोरिया जिले में कलेक्टर कोरिया श्री ष्याम धावड़े ने कृषि विभाग को अभियान चलाकर जिले में शत -प्रतिशत दर्ज किसानों के क्रेडिट कार्ड जारी करने के निर्देष दिए हैं। उन्होने सभी बैंक को भी प्राथमिकता के आधार पर अपने यहां दर्ज सामान्य किसानों को क्रेडिट कार्ड बनाने के निर्देश दिए हैं। इसी निर्देश के अनुक्रम में जिले में सहकारी बैंक के द्वारा बीते एक माह से अभियान चलाकर किसान क्रेडिट कार्ड बनाए जा रहे हैं।


इस संबंध में जानकारी देते हुए जिले में कृषि विभाग प्रमुख दीवान ने बताया कि बीते एक माह में विभिन्न सहकारी साख समितियों में दर्ज किसानों के लिए क्रेडिट कार्ड बनाए जाने का अभियान प्रारंभ किया गया है। इसके लिए अलग- अलग स्थानों पर शिविर लगाकर किसानों को मौके पर ही किसान क्रेडिट कार्ड बनाकर प्रदान किए जा रहे हैं। बीते एक माह में विभिन्न सहकारी साख समितियों द्वारा लगाए गए शिविर के माध्यम से 7 हजार से ज्यादा किसानों को क्रेडिट कार्ड बनाकर दिया जा चुका है। इसके अलावा बैंकों में सामान्य खाताधारक के रूप में दर्ज किसानों को भी क्रेडिट कार्ड बनाकर दिए जा रहे हैं।

      कलेक्टर कोरिया  धावड़े के निर्देष पर जिले में चल रहे किसान क्रेडिट कार्ड अभियान के संबंध में विस्तार से जानकारी देते हुए कृषि विभाग के उपसंचालक ने बताया कि किसानों को क्रेडिट कार्ड बनाकर देने के लिए चरणबद्ध तरीके से कार्य किया जा रहा है। इसके लिए पहले उस षिविर में आने वाले गांवों में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाता है उसके बाद षिविरों में आने वाले किसानों को मौके पर ही क्रेडिट कार्ड  बनाकर प्रदान किया जा रहा है। इस अभियान के प्रथम चरण के तहत सहकारी बैंक के अंतर्गत आने वाली सहकारी साख समितियों को रखा गया और बीते माह में सभी सहकारी साख समितियों में 26 अगस्त से लेकर 1 सिंतंबर तक षिविरों का आयोजन किया गया। इन आयोजनों में आकर अब तक जिले के 7 हजार से ज्यादा किसान क्रेडिट कार्ड की सुविधा से लाभान्वित हुए हैं। उन्होने आगे बताया कि प्रथम चरण में आयोजित षिविरों में जिले के सहकारी साख समिति से जुड़े हुए 3 हजार 337 किसानों ने इन षिविरों में आकर अपना आवेदन प्रस्तुत किया जिसकी जांच उपरांत उन्हे केसीसी बनाकर प्रदान किया गया। इसके बाद 13 सितंबर से अब तक लगाए गए षिविरों में 3 हजार 623 किसानों ने क्रेडिट कार्ड प्राप्त कर लिया है।

        दीवान ने बताया कि अभियान के द्वितीय चरण में 13 सितंबर को गिरजापुर,छिंदडांड, कोड़ा, खड़गंवा, रजौली, चैनपुर और जनकपुर में प्रथम षिविर आयोजित किए गए। इसके बाद इन समितियों में आगामी 27 सितंबर को द्वितीय षिविर आयोजित होगा। इस बीच किसानों के क्रेडिट कार्ड बनाए जाने का कार्य निरंतर चलेगा। इसी तरह जिले के सभी सहकारी साख समितियों मंे आगामी 1 नवंबर तक चरणबद्ध तरीके से षिविरों को आयोजित किए जाने का लक्ष्य रखा गया है। आगामी षिविरों की जानकारी देते हुए उन्होने बताया कि 28 सितंबर को जिले के धौराटिकरा, तरंगंवा, चिरमी, सोनहत, बरबसपुर और माड़ीसरई में किसान क्रेडिट कार्ड षिविर आयोजित किया जाएगा। इसी तरह 29 सितंबर को जिले के पटना, झरनापारा, जिल्दा, रामगढ़, केल्हारी कोटाडोल और कमर्जी मंे षिविर लगेंगे। 30 सितंबर को सरभोका, सलबा, पोड़ी, रजैाली, डोड़की और गढ़वार में किसान अपने क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन लेकर उपस्थित हो सकते हैं। आगामी 1 नवंबर को बैकुण्ठपुर के जामपारा, बैमा, सोनहत घुटरा, कछौड़ और सिंगरौली में किसान आकर अपना क्रेडिट कार्ड बनवा सकते हैं।


   किसान क्रेडिट कार्ड किसानों को सहकारिता के माध्यम से आधारभूत मदद के लिए बनाई गई योजना है जिससे किसान अपने निकट के बैंकों के माध्यम से आसानी से कृषि संबंधी ऋण प्राप्त कर सकते हैं। यह किसानों को न्यूनतम ब्याज दर पर खाद, बीज कीटनाशक व अन्य उपकरण उपलब्ध कराने के लिए आवष्यक दस्तावेज है। सहकारी साख समितियों के माध्यम से किसान बिना किसी राशि के अपने प्रत्येक खेती के खाद बीज और नगद राशि प्राप्त कर सकते हैं। एक फसल के बाद यह ऋण बिना किसी ब्याज के तुरंत पटाया जा सकता है। इसके अलावा साल भर में यदि किसान ऋण चुकाते हैं तो उन्हे मात्र 7 प्रतिषत ब्याज दर पर ही ऋण चुकाने का लाभ मिलता है। एक बार केसीसी बन जाने के बाद यह पांच साल तक वैध रहता है। खेती किसानी से जुड़े प्रत्येक व्यक्ति किसान क्रेडिट कार्ड ले सकते हैं। यह कृषि व इसके समस्त अनुषांगिक कार्यों जैसे मछली पालन, पशुपालन, जैसे कार्यों के लिए भी मदद का माध्यम है। किसान क्रेडिट कार्ड की पात्रता के संबंध में जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि आवेदक किसान जिसके पास किसी भी स्तर की खेती योग्य जमीन हो वह इसके लिए आवेदन कर सकता है। आवेदक की उम्र 18 से 75 साल के बीच होनी चाहिए। 60 से अधिक आयु के किसानों को एक अन्य सहयोगी की आवश्यकता होगी। आवेदन करने के लिए किसान को शिविर में अपना आधार कार्ड, नक्षा, खसरा, बी वन, पासपोर्ट साइज फोटो, बैंक खाता की पास बुक लाकर मात्र एक आवेदन पत्र भरना होगा। उपसंचालक कृषि ने जिले के सभी किसानों को इन शिविरों में आकर अपने लिए किसान क्रेडिट कार्ड बनवाने की अपील की है।