कोरोना : एम्स ने मांगे 52 नये वेंटिलेटर, डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति अस्पताल में हर रोज़ 90 मरीजों की कोरोना की जाँच, 500 बिस्तर वाला आइसोलेशन वार्ड हो रहा है तैयार

कोरोना : एम्स ने मांगे 52 नये वेंटिलेटर,  डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति अस्पताल में हर रोज़ 90 मरीजों की कोरोना की जाँच, 500 बिस्तर वाला आइसोलेशन वार्ड हो रहा है तैयार

रायपुर. कोरोना वायरस के छत्तीगढ़ में बढ़ते प्रकोप के चलते रायपुर के एम्स ने 52 नए वेंटीलेटर मंगाए हैं .पिछले दिनों कोरबा के कटघोरा से कोरोना वायरस से संक्रमित आठ नए पाजिटिव केस आने के बाद पूरा शासन प्रशासन सहित प्रदेश की जनता सकते में आ गयी हैं .प्रदेश में अब तक कोरोना संक्रमण के कुल केस 18 पाए गये हैं जिनमें 9 लोग की रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद अस्पताल प्रबंधन ने डिस्चार्ज कर दिये हैं. वहीं पूर्व में एक कोरोना संक्रमित पाया गया है जिनका उपचार किया जा रहा हैं.

इसके बाद कोरबा के कटघोरा से दिल्ली हज़रत निजामुद्दीन से लौटा एक युवक कोरोना पाजिटिव पाया गया था तो वहीं उनके एक दोस्त सहित एक ही परिवार के 7 लोगो में भी कोरोना पाजिटिव मिलने के बाद छत्तीसगढ़ में हडकंप मचा हुआ हैं. इसी के मद्देनज़र एम्स प्रबन्धन ने एतिहातन तौर पर 52 नए वेंटिलेटर की मांग केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से की हैं फ़िलहाल एम्स में 75 वेंटिलेटर उपलब्ध हैं 52 नए वेंटिलेटर मिल जाने के बाद कुल 127 वेंटिलेटर हो जाएँगे. इससे लोगों सिक ईलाज करने में काफी सुविधा मिलेगी.

एम्स के डायरेक्टर डॉ.नितिन एम्. नागरकर ने बताया कि प्रदेश में अचानक आये कोरोना वायरस संक्रमण के मरीजों को देखते हुए एहतिहातन तौर पर 52 नए वेंटिलेटर के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से पत्र लिख कर आग्रह किया है. नए वेंटिलेटर जल्द मिलने की संभावना हैं. इसके मिलते ही वेंटिलेटर की संख्या 127 हो जाएगी. पहले से 75 वेंटिलेटर मौजूद हैं. नये वेंटिलेटर के बाद  लोगो को बेहतर चिकित्सा सुविधा मिलने में आसानी हो जाएगी

अम्बेडकर अस्पताल के जनसम्पर्क अधिकारी शुभ्रा ठाकुर ने बताया कि राज्य सरकार के आदेश के बाद 13 अप्रैल से प्रदेश के सबसे बड़े अस्पताल से डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति अस्पताल में हर रोज़ 90 मरीजों की कोरोना की जाँच शुरू हो जाएगी .वहीं कोरोना मरीजों के लिए 5 सौ बिस्तर वाले आइसोलेशन वार्ड तैयार किया जा रहा हैं. इसके लिए गंभीर मरीजों को डीकेएस सुपर स्पेस्लिस्ट अस्पताल में शिफ्टिंग किया जायेगा . इसके साथ ही कई स्वस्थ हो चुके मरीजों को डिस्चार्ज करने की प्रकिया अपनाई जा रही हैं.