breaking news New

बस्तर में बेमौसम बारिश से फसलों को हुए नुकसान का सर्वेक्षण जारी, किसानों को फसल बीमा राशि का होगा भुगतान: जानकी राम सेठिया

बस्तर में बेमौसम बारिश से फसलों को हुए नुकसान का सर्वेक्षण जारी, किसानों को फसल बीमा राशि का होगा भुगतान: जानकी राम सेठिया

बस्तर। छत्तीेसगढ़ राज्य कृषक कल्याण बोर्ड के सदस्य जानकी राम सेठिया ने कहा है कि बस्तर अंचल में बेमौसम बारिश की वजह से फसलों को हुए नुकसान का सर्वेक्षण कार्य कराया जा रहा है। उन्होंने कहा है कि बस्तर ही नहीं, राज्य के कई इलाके में बेमौसम बारिश से फसलों को क्षति हुई है। मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल के निर्देश के अनुसार राज्य के कृषक कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष सहित सभी सदस्यगण अपने-अपने जिलों में लगातार दौरा कर किसानों से सम्पर्क कर रहे हैं और फसल नुकसान की स्थिति को भी देख रहे हैं। 

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा कृषक कल्याण बोर्ड का गठन किसानों के हितों के संरक्षण के लिए किया गया है। बोर्ड के सभी पदाधिकारी अपनी-अपनी जिम्मेदारियों को निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सभी जिलों के उप संचालक कृषि को फसल नुकसान का आंकलन करने के लिए निर्देशित किया गया है। बोर्ड के पदाधिकारी कृषि विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों से निरन्तर सम्पर्क कर फसल नुकसान के सर्वेक्षण के बारे में भी जानकारी ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसानों को फसल नुकसान के अनुरूप बीमा राशि का भुगतान किया जाएगा। 

सेठिया ने कहा है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली छत्तीसगढ़ सरकार किसानों का धान समर्थन मूल्य पर खरीदने के लिए पूरी तैयारी करने में जुटी है। किसानों का धान खरीदा जाएगा। उन्हें धान बेचने में किसी भी तरह की दिक्कत न हो। सभी केन्द्रों में इसका इंतजाम किया जा रहा है। सेठिया ने कहा कि फसल नुकसान की क्षतिपूर्ति और धान खरीदी को लेकर किसानों को किसी भी तरह की चिन्ता करने की जरूरत नही है। छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार किसानों की सरकार है। किसानों के हितों की रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। 

कृषक कल्याण बोर्ड के सदस्य सेठिया ने कहा है कि आगामी एक दिसम्बर से राज्य में समर्थन मूल्य पर किसानों से धान की खरीदी किए जाने की घोषणा सीएम भूपेश बघेल ने की है। धान खरीदी के लिए राज्य सरकार द्वारा हरसंभव उपाय किए जा रहे हैं। किसानों को धान खरीदी के पहले दिन से ही राशि का भुगतान उनके खातों में किया जाएगा। राज्य सरकार द्वारा इस साल 21 हजार करोड़ रूपए धान खरीदी के एवज में किसानों को भुगतान किया जाएगा। सरकार द्वारा धान खरीदी के लिए राशि की व्यवस्था कर ली गई है। इस साल 105 लाख मीटरिक टन धान खरीदी का अनुमान है।

उन्होंने कहा कि भारत सरकार द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य को समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए आवश्यकता के अनुरूप बारदाने की आपूर्ति नहीं की जा रही है। इस साल 5 लाख 25 हजार नग गठान बारदाना धान खरीदी में लगेगा। भारत सरकार के जूट कमिश्नर द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य को अब तक मात्र 67 हजार गठान बारदाना ही उपलब्ध कराया गया है। इसको देखते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ राज्य के सभी सांसदगणों से केन्द्र सरकार से पर्याप्त बारदाना दिलाए जाने का प्रयास करने का भी आग्रह किया है।