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चहुंमुखी विकास में प्रत्येक ग्राम सरपंचों की भूमिका सर्वोपरि-सीइओ

चहुंमुखी विकास में प्रत्येक ग्राम सरपंचों की भूमिका सर्वोपरि-सीइओ


बैकुण्ठपुर।  ग्राम विकास की संकल्पना को ग्राम पंचायत सरपंच अपनी सकारात्मक सहभागिता और कुशल नेतृत्व से ही पूरा कर सकते हैं इसके लिए उन्हे नियमों के साथ ही जनहितकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी होना आवश्यक है। किसी भी ग्राम पंचायत का चहुंमुखी विकास करने के लिए उस ग्राम पंचायत के सरपंच की भूमिका सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण होती है।

 उक्ताशय के विचार जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी  कुणाल दुदावत ने सरपंचों के आधारभूत प्रशिक्षण शिविर के समापन अवसर पर व्यक्त किए। दुदावत ने जिला पंचायत संसाधन केंद्र के तत्वावधान में आयोजित सरपंचों के आधारभूत प्रशिक्षण शिविर के समापन अवसर पर सरपंचों को संबोधित करते हुए कहा कि आप सभी अपने क्षेत्र से भली भांति परिचित होते हैं कहां पर किस तरह के कार्यों से जनता को अधिकतम लाभ मिलेगा यह आपको सबसे बेहतर पता होता है। इसलिए आप सभी सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखकर योजनाओं का क्रियान्वयन कराएं।

 जिला पंचायत सीइओ ने कहा कि सरपंच पंचायती राज व्यवस्था की सबसे अहम कड़ी हैं इसलिए आपको ष्षासन की जनहितकारी योजनाओं का पूरा ज्ञान होना चाहिए। प्रशिक्षण के दौरान अलग अलग विषयों पर दिए गए प्रशिक्षण के विषयों पर उन्होंने सरपंचों से सीधे संवाद करते हुए उनके प्रशिक्षण की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित विभिन्न जनहितकारी योजनाओं महात्मा गांधी नरेगा, स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री आवास सहित सभी योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की।

      सरपंचों का तीन दिवसीय आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम जिला पंचायत संसाधन केंद्र के तत्वाधान में लाइवलीहुड कॉलेज में संपन्न हुआ। इसमें जिले के चयनित ग्राम पंचायतों के सरपंचगण शामिल हुए। 

इस प्रशिक्षण के दौरान उन्हे ग्राम पंचायत की कार्यवाही, ग्राम पंचायतों के अधिकार, ग्राम सभाओं के आयोजन, क्रियान्वयन और उसके अधिकारों से अवगत कराया गया। 

इसके अलावा विषय विशेषज्ञों के द्वारा अलग अलग जनहितकारी योजनाओं के उद्देश्य और उनके बेहतर क्रियान्वयन की जानकारी प्रदान की गई। साथ ही महिलाओं को समूह बनाकर किस तरह बेहतर स्वरोजगार से जोड़ा जा सकता है उसके बारे में भी विस्तार से अवगत कराया गया। इस प्रषिक्षण समापन के अवसर पर जिला पंचायत सीइओ  कुणाल दुदावत ने सभी प्रतिभागियों को उनके कुषल प्रषिक्षण का प्रमाण पत्र भी प्रदान किया। 

बतादें कि  जिला संसाधन केंद्र के माध्यम से जिले भर के सरपंचों का आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम निरंतर कराया जा रहा है। इस दौरान प्रशिक्षणार्थियों के अलावा संसाधन केंद्र के अधिकारी कर्मचारी भी उपस्थित रहे।