तब्लीगी जमात के सदस्यों की बदसलूकी सरकार के लिये चुनौती

तब्लीगी जमात के सदस्यों की बदसलूकी सरकार के लिये चुनौती

लखनऊ, 04 अप्रैल | उत्तर प्रदेश में मेडिकल स्टाफ और पुलिस कर्मियों के प्रति तब्लीगी जमात के सदस्यों के बदसलूकी के रवैये में कमी आने के बजाय इजाफा होना सरकार के लिये चुनौती पेश कर रहा है। गाजियाबाद के बाद कानपुर,लखनऊ और बस्ती समेत कुछ अन्य जिलों में क्वारंटीन अथवा आइसोलेशन वार्ड में रखे गये कोरोना संदिग्धों और मरीजों द्वारा मेडिकल स्टाफ के साथ बदतमीजी किये जाने की घटनाये प्रकाश में आयी है।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पहले ही जमात के सदस्यों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई किये जाने और मेडिकल स्टाफ और पुलिसकर्मियों के साथ र्दुव्यवहार करने वालों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रासुका) में तहत मुकदमा दर्ज किये जाने के आदेश दे चुके हैं।

कानपुर से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार लाला लाजपत राय (हैलेट) अस्पताल में क्वारंटीन तब्लीगी जमात के लोगों ने चिकित्सकों के साथ बदसलूकी की।गणेश शंकर विद्यार्थी मेडिकल कालेज (जीएसवीएम) के अधीन इस अस्पताल में मेडिकल स्टाफ के साथ हुये र्दुव्यवहार की पुष्टि करते हुये प्राचार्य आरती लाल चंदानी ने कहा “ तब्लीगी जमात में हिस्सा लेकर आये 22 लोगों को यहां क्वारंटीन वार्ड में भर्ती कराया गया था जहां उन लोगों ने मेडिकल स्टाफ के साथ बदसलूकी की।इस बीच लखनऊ की एक मस्जिद में छिपे सहारनपुर के मूल निवासी तब्लीगी जमात के 12 लोगों में कोरोना वायरस का संक्रमण पाया गया था।बलरामपुर अस्पताल में भर्ती सभी कोरोना मरीजों ने यहां हंगामा किया और कर्मचारियों पर अभद्र टिप्पणियां की।