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रोका छेका अभियान के तहत ग्राम गौठानों में पशुओं की जांच के साथ हो रहा है टीकाकरण

रोका छेका अभियान के तहत ग्राम गौठानों में पशुओं  की जांच के साथ हो रहा है टीकाकरण

15 जुलाई तक चलने वाले अभियान के तहत गौठानों में पशुओं को मिल रहा निःशुल्क  उपचार
बैकुण्ठपुर।  राज्य शासन  की मंशा नुरूप ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों को खरीफ की खेती करने में आसानी हो इसके लिए जिले में रोका-छेका अभियान ग्रामीण गौठानों में निरंतर जारी है। एक जुलाई से प्रारंभ हुआ यह अभियान आगामी 15 जुलाई तक चलेगा। इस अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में पशुओं से खेती को होने वाली हानि रोकने के लिए निरंतर ग्राम गोठान प्रबंधन समितियों के द्वारा बैठक कर ग्रामीणों को अपने पषुओं को बांधकर रखने और कृषि कार्य में किसी भी अन्य ग्रामीण को असुविधा ना हो इसके संबंध में लगातार अवगत कराया जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों के क्रियाषील गौठानों में चल रहे रोका-छेका अभियान के संबंध में जानकारी देते हुए पषु चिकित्सा विभाग के उप संचालक डा0 एस के मिश्रा ने बताया कि कलेक्टर कोरिया श्याम  धावड़े के निर्देषन में पशु  चिकित्सा विभाग रोका-छेका अभियान के तहत गौठान में निरंतर पषुओं के चिकित्सा षिविर आयोजित कर पषुओं का उपचार और टीकाकरण कार्य किया जा रहा है। इसके साथ ही पष्ुओं को होने वाले सामान्य बीमारियों के लिए उपचार के साथ ही पषुमालिकों को निषुल्क दवांए भी वितरित की जा रही हैं। विदित हो कि कोरिया जिले में अभी 137 गौठान क्रियाषील हैं और इनमें पषु चिकित्सा विभाग के द्वारा लगातार षिविर आयोजित किए जा रहे हैं। साथ ही इन गौठानों में स्व सहायता समूह की महिलाओं के उत्पादों के प्रचार प्रसार के लिए स्टाल भी लगाए जा रहे हैं।
       उपसंचालक पषु चिकित्सा विभाग ने विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि गत एक जुलाई को राज्य ष्षासन के निर्देषानुसार बैकुण्ठपुर जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत नरकेली के गौठान से यह अभियान गौपूजा के साथ प्रारंभ किया गया है। इसके बाद चिकित्सा अधिकारियों की रोस्टर वार ड्यूटी लगाकर सभी गौठानों में क्रमषः पषु चिकित्सा षिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इसके लिए स्व सहायता समूहों की महिलाओं के साथ ग्रामीणों की मदद भी ली जा रही है। प्रत्येक गौठान में षिविर के पूर्व ग्राम गोठान प्रबंधन समिति के द्वारा पषुमालिकों के साथ बैठक आयोजित कर रोका-छेका अभियान के संबंध में और इस अभियान के फायदे के बारे में अवगत कराया जा रहा है। उन्होने बताया कि अब तक ग्राम गौठान प्रबंधन समितियों के द्वारा लगभग सौ ग्राम पंचायतां में बैठक कर पषुमालिकों को रोका छेका अभियान से अवगत कराया जा चुका है। इसके साथ ही अब तक 123 से ज्यादा पषु चिकित्सा शिविरों  का आयोजन किया जा चुका है।
      उल्लेखनीय है कि गौठानों में इस अभियान के तहत अब तक 94 स्थानों पर स्व सहायता समूहों की महिलाओं के द्वारा अपने ग्राम स्तर पर बनाए जाने वाले उत्पादों के लिए स्टाल लगाकर आम जन को घरेलू उत्पादों से अवगत कराया जा चुका है। कोरिया जिले में रोका-छेका के तहत आयोजित हो रहे इन षिविरों में अब तक 28 हजार से ज्यादा पषुओं की स्वास्थ्य जांच कराई गई है। गौठानों में लग रहे इन षिविरों में 546 बीमार पशुओं  का उपचार निषुल्क करते हुए 760 पषुओं को डिवर्मिग दवा दी गई है। अब तक रोका-छेका के तहत गौठानों में आए हुए 2800 से ज्यादा पषुओं का टीकाकरण भी कराया गया है। इसके अलावा अब तक1578 पषुमालिकों के सामान्य रूप से बीमार पशुओं  के उपचार हेतु दवाओं का वितरण भी निषुल्क किया जा चुका है। डा0 मिश्रा ने बताया कि कलेक्टर कोरिया के निर्देष पर रोका-छेका अभियान के तहत गौठानों में चल रहे षिविरों की जांच भी जिले के नोडल अधिकारियों के द्वारा निरंतर कराई जा रही है। उन्होने जिले के सभी पशु मालिकों को रोका छेका अभियान के तहत होने वाले इन शि विरों में अपने पषुओं को लाकर जांच व टीकाकरण कराए जाने की अपील की है।