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जाने सावन के पहले सोमवार पर इन उपायों से रुद्र को करें प्रसन्न

जाने सावन  के पहले सोमवार पर इन उपायों से रुद्र को करें प्रसन्न

सावन के पहले सोमवार को करें ये उपाय
भगवान रुद्र को प्रसन्‍न करने के ल‍िए क‍िसी व‍िशेष द‍िन की जरूरत नहीं होती है। लेक‍िन मान्‍यता है क‍ि यद‍ि सावन सोमवार में कोई भी जातक श‍िवजी की पूजा कर ले तो उसके ऊपर भोलेनाथ की कृपा आजीवन बनी रहती है। अगर आप भी श‍िवजी का साथ और आशीर्वाद पाना चाहते हैं। लेक‍िन सावन के प्रत्‍येक सोमवार को पूजा-पाठ कर पाने में असमर्थ हैं तो भी न‍िराश होने की जरूरत नहीं है। हम यहां कुछ ऐसे उपायों के बारे में बता रहे हैं ज‍िन्‍हें लेकर मान्‍यता है क‍ि अगर इन्‍हें सावन के पहले सोमवार को भी कर ल‍िया जाए तो भी भगवान रुद्र प्रसन्‍न हो जाते हैं…

इन उपायों से करें भोले को प्रसन्‍न
सावन के पहले सोमवार को शिवजी को अपनी पूजा-अर्चना से प्रसन्‍न करके विशेष फल प्राप्‍त प्राप्ति के ल‍िए सुबह-सवेरे स्‍नान करके भोलेनाथ के मंदिर जाएं। इसके बाद भगवान शिव, माता पार्वती और नंदी बाबा पर गंगाजल अर्पित करें। इसके बाद शिवलिंग पर चंदन, बेलपत्र, धतूरा और अक्षत अर्पित करें फ‍िर भोलेनाथ को सफेद रंग की मीठी वस्‍तु मसलन मिश्री या बर्फी चढ़ाएं।

इससे भी होते हैं श‍िवजी अत‍िशीघ्र प्रसन्‍न
सावन सोमवार के पहले द‍िन अगर श‍िव मंद‍िर जा सकें तो अत‍ि उत्‍तम है। लेक‍िन नहीं जा सकते हैं तो घर के ही पूजा स्‍थल में भोलेनाथ को तिल और जौ अर्पित करें। मान्यता है क‍ि ऐसा करने से भगवान श‍िव अत्‍यंत प्रसन्‍न होते हैं और जातक के सभी पापों का नाश कर देते हैं। साथ ही सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है।  

रुद्र इससे होते हैं अत्‍यंत प्रसन्‍न
सावन के पहले सोमवार को शिवजी को घी, शक्‍कर और गेहूं के आटे से बने प्रसाद का भोग लगाएं। इसके बाद यह प्रसाद जितना हो सके उतना लोगों में बांट दें। इसके अलावा महामृत्‍युजंय मंत्र का 108 बार जाप करें। इससे भोलेनाथ की विशेष कृपा प्राप्‍त होती है। इसके अलावा भगवान शंकर पर गाय का कच्‍चा दूध चढ़ाएं। मान्‍यता है क‍ि ऐसा करने से श्रद्धालुओं पर हमेशा ही भगवान शंकर की कृपा बनी रहती है।

सावन सोमवार के पहले द‍िन जरूर करें ये उपाय
सावन के पहले सोमवार के द‍िन उत्तर दिशा की तरफ मुंह करके भगवान शिव की पूजा करें। इससे वह अत्‍यंत प्रसन्‍न होते हैं। मान्‍यता है क‍ि यद‍ि कोई श्रद्धालु न‍ियमित रूप से सावन के प्रत्‍येक सोमवार को उत्‍तर द‍िशा की ओर मुंह करके श‍िव मंत्र ‘ऊं नम: शिवाय’ का श्रद्धानुसार 11, 21, 51 या 108 बार जप करता है तो श‍िवजी शीघ्र प्रसन्न होते हैं।