breaking news New

रामलीला मंचन के बीच दो बार बिजली गुल, पानी भी गिरा...लेकिन रावण मारा गया

रामलीला मंचन के बीच दो बार बिजली गुल, पानी भी गिरा...लेकिन रावण मारा गया

महासमुन्द, 9 अक्टूबर। कल शाम बरसते पानी मेंं दर्शकों की अपार भीड़ के बीच लंकापति रावण मारा गया। इस बीच दो बार बिजली भी गुल हुई लेकिन दर्शक टस से मस नहीं हुए। लोगों से दर्शक दीर्घा खचाखच भरा रहा। दिशा नाट्य मंच की प्रस्तुति को दर्शकों ने खूब सराहा। रामलीला मंचन के पहले लभराकला में प्रहसन के बाद कल रावण और राम दल के कलाकार शाम ढ़लते महासुन्द दशहरा मैदान पहुंचे। मैदान में पहुंचते ही अलग-अलग दुपहिया वाहनों में बैठकर राम-लक्ष्मण और रावण-मेघनाद ने शहर भ्रमण किया। इसके बाद जनप्रतिनिधियों और अफसरों की टीम मैदान पहुंची और श्रीराम वंदन के बाद नाट्य कला मंच द्वारा रामलीला का मंचन शुरू हु्आ। 

मंचन शुरू होने के ठीक दस मिनट बाद जोरदार बारिश शुरू हुई और दर्शक शेड के नीचे दुबक गये। इस बीच बिजली गुल हूई और सभी कलाकार मायूस होकर बिजली का इंतजार करने लगे। लगभग 20 मिनट बाद बिजली आई तो फिर से लोगों के सामने मंचन शुरू हुआ। थोड़ी देर ठीक ठाक संवाद चलते रहने के बाद जैसे ही लक्ष्मण-मेघनाद संवाद शुरू हुआ, बिजली फिर से गुल हुई। ले-देकर बिजली वापस लौटी और फिर नाटक का मंचन सम्पूर्ण हुआ और श्री राम के अग्नि बाण से रावण का वध हुआ। इस दौरान आकष्र्रक आतिशबाजी भी गई। 

हालांकि पानी में भीगने के कारण रावण को जलने में थोड़ी सी देरी लगी। लेकिन आतिशबाजी के कारण रावण को आखिरकार जलना ही पड़ा। रावण के जलते ही लोगों ने एक दूसरे को सोनपत्ता भेंट कर विजया दशमी की बधाईयां दी। इस अवसर पर विधायक विनोद चंद्राकर, पूर्व विधायक डा. विमल चोपड़ा, नगरपालिका अध्यक्ष पवन पटेल, जिला कलेक्टर सुनील अग्रवाल, अपर कलेक्टर मो. शरीफ खान, एसपी जितेन्द्र शुक्ल, एसडीएम चंद्रवंशी अपने बाल-गोपाल सहित मंचन देखने मौजूद थे। दिशा नाट्य मंच के सभी कलाकारों की प्रस्तुति उम्दा और मोहक थी। सभी के अपने-अपने प्रसंग में बेहतरीन प्रदर्शन थे। लोगों ने दिशा नाट्य मंच के संयोजक अवनीश वाणी को कलाकारों के उत्कृष्ट प्रदर्शन पर बधाईयां दी हैं।