प्रकाश इण्डस्ट्रीज का आदर्श प्रयोग! लॉकडाउन में 1000 मजदूरों को आवास, भोजन की नि:शुल्क व्यवस्था दी, मजदूरों की रोजी भी पक रही!

प्रकाश इण्डस्ट्रीज का आदर्श प्रयोग! लॉकडाउन में 1000 मजदूरों को आवास, भोजन की नि:शुल्क व्यवस्था दी, मजदूरों की रोजी भी पक रही!


अनिल द्विवेदी
रायपुर. लॉकडाउन में जहां राजधानी के बाकी उद्योग या तो बंद पड़े हैं या फिर मजदूरों का अकाल है, वही दूसरी ओर गोगांव स्थित प्रकाश इण्डस्ट्रीज ने एक आदर्श उदाहरण प्रस्तुत किया है. कंपनी ने लगभग 1000 मजदूरों को इण्डस्ट्रीज में ही आवास देते हुए उनके भोजन और स्वास्थ्य की व्यवस्था की है. इसका नतीजा यह रहा कि अभी तक एक भी मजदूर कोरोना संक्रमित नही हुआ है.


कंपनी के सीनियर वाइस प्रेसीडेण्ट रविन्द्र सिंह ने बताया कि प्रतिदन एक हजार मजदूरों के लिए सुबह—शाम नि:शुल्क भोजन की व्यवस्था की गई है. पूर्व निधारित कई पालियों में दोपहर 12 बजे से ये मजदूर भोजन प्राप्त करते हैं. इसमें सोशल डिस्टेसिंग और सेनेटाइजर का पूरा ख्याल रखा गया है. उन्होंने बताया कि लॉकडाउन में सात दिन उद्योग बंद रखकर नुकसान नही सह सकते थे इसलिए प्रशासन की अनुमति लेकर यह व्यवस्था की. इससे जहां उद्योग का संचालन हो रहा है, वहीं प्रोडक्शन भी चल रहा है और मजदूरों की रोजी भी पक रही है, वे बेरोजगार नही रहे.

लेकिन यह सब पूरे अनुशासन, सतर्कता और टीम वर्क के साथ किया जा रहा है. इस व्यवस्था को देखते हुए हाल ही में प्रशासन ने मजदूरों को घर जाने की अनुमति भी दे दी लेकिन हम सबने तय किया कि लाकडाउन तक इसी व्यवस्था में कायम रहेंगे. मजदूर भी इसके लिए सहर्ष राजी हो गए क्योंकि वे भी अब बेरोजगार नही होना चाहते. जैसा कि आप तस्वीर में देख सकते हैं कि सोशल डिस्टेंसिंग के साथ मजदूरों को भोजन कराया जा रहा है. इसके अलावा उनके लिए नि:शुल्क चाय, नाश्ता, काढ़ा, सेनेटाइजर और मास्क की भी व्यवस्था की गई है. इस पूरी व्यवस्था को संभालने में 30—40 लोग टीम वर्क के साथ काम कर रहे हैं. इस व्यवस्था को देखने के बाद आसपास के बाकी उद्योगों ने भी यही पहल शुरू कर दी है.

 

रविन्द्र सिंह, कंपनी के सीनियर वाइस प्रेसीडेण्ट