नेता प्रतिपक्ष कौशिक ने बढ़ते नक्सली वारदातों पर चिंता व्यक्त की

नेता प्रतिपक्ष कौशिक ने बढ़ते नक्सली वारदातों पर चिंता व्यक्त की

सड़कों पर नक्सली, बैकफूट पर प्रदेश सरकार - कौशिक

जगदलपुर, 19 सितंबर। नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने बस्तर में लगातार बढ़ते नक्सली वारदातों पर चिंता  व्यक्त करते हुए कहा कि लगातार नक्सलियों के बढ़ते खौफ से आमजन भयभीत है। प्रदेश की सरकार द्वारा नक्सलियों के खिलाफ कारगर कार्रवाई नहीं करने से नक्सली अब सड़क पर आ गया है। बस्तर संभाग मुख्यालय के कुछ ही दूरी  पर नक्सली पर्चा लगाकर और लगातार आम लोगों को अगवा, तैनात जवान सहित वन अधिकार का  हत्या कर दहशत फैल रहे हैं। अब लगता है एक तरह से नक्सली मसलों पर प्रदेश की सरकार बैकफूट पर है। नक्सली मोर्चे के साथ ही हर मोर्चे पर असफल प्रदेश की सरकार इस मुद्दे पर जवाब नहीं दे पा रही है। उन्होंने कहा कि बीजापुर ने एक वन परिक्षेत्र अधिकारी की हत्या के बाद एक जवान की हत्या हो जाती है। इस तरह के बढ़ते वारदातों से अधिकारियों व कर्मचारियों के मनोबल पर असर पड़ रहा है। उन्होने कहा नक्सलियों द्वारा बीजापुर जिला में अगवा कर एक जवान की हत्या करके अपने कुत्सित मंशा प्रकट किया है। इस तरह के कई वारदातों को लगतार अंजाम दे रहे हैं। इन सब के बाद भी प्रदेश की सरकार नक्सलियों को करारा जवाब देने में नाकाम है।यही कारण है कि नक्सली बिना भय वारदातों को अंजाम देने में जुटे हैं। 

उन्होंने कहा कि नक्सलवाद की समस्या को गैर राजनैतिक तौर पर  देखने की जरूरत है। जब प्रदेश मे भाजपा की सरकार थी तब सुरक्षा आवश्यकता के अनुरूप सबको दी गयी थी, लेकिन जब से कांग्रेस की सरकार प्रदेश में आयी है, नक्सली मसले को सियासी चश्में से देख रही है। जिसके कारण भय का वातावरण अधिक है। नेता प्रतिपक्ष कौशिक ने कहा कि बदले की कार्रवाई के तौर पर भाजपा के कई पूर्व विधायकों व नक्सल प्रभावित इलाके के जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा बिना समीक्षा किये हटा दी गयी है। एक तरफ जहां लगातार नक्सलियों का खौफ बढ़ता जा रहा है। वही कोई अप्रिय स्थिति निर्मित होती है तो इसके लिये जवाबदार कौन होगा। उन्होने कहा कि सुरक्षा के मसले पर प्रदेश सरकार को पत्र भी लिखा गया है। इस पर अब तक कोई आवश्यक कार्रवाई नहीं की गयी है।